PPF से कैसे ले सकते हैं लोन, इसके लिए क्या करना होता है?- पैसा वसूल
ज़िंदगी की राह में कभी-कभी ऐसे मौके आ जाते हैं, जब पैसों की सख्त ज़रूरत आ पड़ती है. ऐसे में अगर आपने भविष्य के लिए पीपीएफ़ में पैसे जमा किए हैं तो मुश्किल वक्त में ये आपके काम आ सकते हैं.
पीपीएफ़ में निवेश लंपसम यानी एकमुश्त किया जा सकता है या फिर पूरी फाइनेंशियल ईयर के दौरान 12 महीनों की किस्तों में भी.
रही बात कि कितना इनवेस्ट कर सकते हैं तो कम से कम 500 रुपये और इसकी अधिकतम लिमिट डेढ़ लाख रुपये है.
ज़्यादातर लोगों को ये तो पता है कि पीपीएफ़ टैक्स बचाने और सेविंग्स का अच्छा ज़रिया है, लेकिन इस बारे में कम ही लोगों को जानकारी है कि पीपीएफ पर आड़े वक्त में लोन भी मिलता है और वो भी बहुत सस्ते ब्याज पर.
अच्छी बात यह है कि इसके लिए लंबी-चौड़ी प्रक्रिया से भी नहीं गुज़रना पड़ता. हाँ... इसके कुछ नियम और शर्तें ज़रूर हैं...
तो जान लेते हैं कि क्या हैं ये टर्म्स एंड कंडीशन?
स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया के मुताबिक... पीपीएफ के अंगेस्ट लोन शुरुआती सालों में ही मिलता है. खाता खुलने के तीसरे फाइनेंशियल ईयर से लेकर छठे फाइनेंशियल ईयर तक लोन मिल सकता है.
मसलन.. अगर आपने 2023-24 में पीपीएफ खाता खोला तो 2025-26 से 2028-29 के बीच ही इसके अंगेस्ट लोन ले सकते हैं.
इसे शॉर्ट टर्म लोन कह सकते हैं, और इसे 36 महीनों में चुकाना ज़रूरी होता है. रही बात कि कितना लोन मिल सकता है, तो लोन की अधिकतम अमाउंट इस बात पर डिपेंड करती है कि आपके पीपीएफ़ खाते में हैं कितने पैसे?
आप कुछ अमाउंट का 25 परसेंट ही लोन ले सकते हैं. अगर आपके पीपीएफ़ खाते में 2 लाख रुपये हैं तो आप मैक्सिमम पचास हज़ार रुपये का लोन ही ले सकते हैं.
अब जानना चाहेंगे कि इस लोन पर कितना ब्याज लगता है?
पीपीएफ लोन पर ब्याज काफी कम रखा गया है. भारतीय स्टेट बैंक के मुताबिक ये effectively 1 परसेंट सालाना पड़ता है.
एक परसेंट इसलिए क्योंकि जब तक आपका लोन चल रहा होता है तब तक आपके पीपीएफ खाते पर लोन की अमाउंट की रकम का ब्याज नहीं जुड़ता.
जैसे अभी पीपीएफ पर सालाना ब्याज 7.1 परसेंट मिल रहा है, अगर आप पीपीएफ़ के अंगेस्ट लोन लेते हैं तो इंटरेस्ट रेट होगा 8.1 परसेंट... यानी आपको 1 परसेंट का ही ब्याज चुकाना होगा.
रही बात लोन रीपेमेंट की तो इसे 36 महीने यानी तीन साल में चुकाना ज़रूरी है. पहले असल यानी प्रिसिंपल चुकाना होता है, इसे एकमुश्त या किस्तों में चुकाया जा सकता है.
जैसे-जैसे आप लोन की रकम चुकाएंगे... ये रकम आपके पीपीएफ खाते में क्रेडिट होती जाएगी. और अब बेहद अहम बात, अगर तीन साल के भीतर लोन नहीं चुकाया तो पेनल्टी लगेगी और लोन अमाउंट पर 6 परसेंट का इंटरेस्ट देना होगा.
और ये इंटरेस्ट कब से लगेगा? जवाब है जब लोन लिया था उसके अगले महीने की पहली तारीख़ से.
नियम ये भी है कि एक फाइनेंशियल ईयर में केवल एक ही बार लोन लिया जा सकता है. अगर आपने एक बार लोन ले लिया है, तो दूसरा लोन तब तक नहीं मिलेगा जब तक पहला लोन पूरी तरह चुका नहीं दिया जाता.
और आख़िर में... वो बात जो बेहद अहम है.... फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स का कहना है कि चूंकि पीपीएफ को सेविंग्स को बढ़ावा देने के लिए डिजाइन किया गया है.
इसलिए पूरी कोशिश करें कि इसमें अपना इनवेस्टमेंट लंबे समय तक बनाए रखें ताकि अच्छा रिटर्न मिले.... और बहुत-बहुत ज़रूरी होने पर ही पीपीएफ के अंगेस्ट लोन लें.
प्रोड्यूसरः दिनेश उप्रेती
प्रेज़ेंटरः प्रेरणा
शूट और एडिटः सुखमन दीप सिंह
(बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित)



